सैगर मैगर मिट लगैटी आउ
सैगर मैगर मिट लगैटी आउ

गजलभाषा संस्कृतिक साहित्यके मुल फुटैटी आउ शुभकामना बावै ।सब मनैन अक्के मालामे गुँठके जुटैटी आउ शुभकामना बावै। अइसिन बनाउँ स्टेज दर्शक लोगनके मनमे हलचल मच जाए,पुरान संस्कृतिक ढमार, मागर, बजैटी आउ शुभकामना बावै । मिठ मैगर साहित्यसे सारा माहौल मन्के नाचगानसे राहरंगी बने,झुम्रम, सखियम, मघौटम फेन ...

९ माघ २०७९, सोमबार

थारु समुदायके डफेक् गीत

दिपक चौधरी 'असीम'

ढमार गीत सुनो सैयाँ हो मोर जिन्जाउ बिडेस कमाइ हो ।नोन भाट कप्वा घरहिँमे खैबि संगसंग जिनगि बिटैबि हो ।सुखडुख...

४ माघ २०७९, बुधबार

कट्ना सुग्घर बटो नेपाल डाइ

भिम कुश्मी

कविताकटना सुग्घर बटो नेपाल डाइ उत्तर पाँजर ढौरागिन पहरवा ढकढक उज्जर ।चाँदिक गहनासे भरपुर बा तलतल टल्केहस...

२९ पुष २०७९, शुक्रबार

डुनियाँमे कहुँ नै भेटैबो

दिपक चौधरी "असिम"

गजलछोर्के जैबो महिन टुँ जिट्टि नै पैबो ।खोज्बो इ डुनियाँमें कहुँ नै भेटैबो । खुस नै रहबो डुर होके महिनसे...

२४ पुष २०७९, आईतवार

ट्रि–हाउस

छविलाल कोपिला

ट्रि–हाउसअर्थात रूख्वक्–घर !चिरैंचुरंगन् रुख्वक् डँरिया–डँरियामे ठाँठ बनैठैंरूख्वक् डोन्डरम् ठाँठ बनैठैंओ,...

२४ पुष २०७९, आईतवार

संगीत दुःखी मनैनहे जिए सिखाइठ

सागर कुस्मी

कैलाली जिल्लाके लम्कीचुहा नगरपालिका वडा नम्बर ६, गुलरा कैलालीके गायिका समीक्षा चौधरी थारु गायिकामध्ये एक...

२२ पुष २०७९, शुक्रबार

बेलापरसुवासे लखलऊसमके परगा

सागर कुस्मी

अभिन छोटे रहुँ । मने जानेजुकुर होगैल रहुँ । बुडुक् महा डुलारु रहुँ । छोटेमे बुडुक् संग कबु बन्सी लगाइ टे कबु...

२२ पुष २०७९, शुक्रबार
सागर कुस्मी

बेलापरसुवासे लखलऊसमके परगा

१७ पुष २०७९, आईतवार
रामचरण अजराइल

बर्दियामे मोर साहित्यिक यात्रा

२५ पुष २०७८, आईतवार
संगम चौधरी

घुम्ना बहाना मे भेंट

९ पुष २०७८, शुक्रबार
रविना चौधरी

संघर्ष

५ माघ २०७८, बुधबार
संगम चौधरी

मोहनिक् कारन घर बरबाड्

५ माघ २०७८, बुधबार
संगम चौधरी

डिल्याले बझाइल मैया

१ पुष २०७८, बिहीबार
रविना चौधरी 

खाडा राना थारु(जीवनी )

१३ श्रावण २०७८, बुधबार

लोभौरी बैर

डियर अविरल
१२ श्रावण २०७८, मंगलवार

लैयक् आँरा

अर्जुन चौधरी
७ श्रावण २०७८, बिहीबार

डिँउटा

सन्देश दहित
२६ श्रावण २०७८, मंगलवार

खै थारु ?

सिताराम थारु
१४ श्रावण २०७८, बिहीबार

रहर

सुशील चौधरी
३१ जेष्ठ २०७८, सोमबार

सारा मनै एक्क हुइ

मानबहादुर चौधरी ‘पन्ना
१६ मंसिर २०७८, बिहीबार

मनके परि

संगम चौधरी
२५ कार्तिक २०७८, बिहीबार

उहे बगालेम सालि राटभरहस

संगम चौधरी
८ कार्तिक २०७८, सोमबार

मोटरि पुगल विदेश

संगम चौधरी
३ कार्तिक २०७८, बुधबार

यात्रा

देवराज चौधरी
४ माघ २०७९, बुधबार

कट्ना सुग्घर बटो नेपाल डाइ

भिम कुश्मी
२४ पुष २०७९, आईतवार

ट्रि–हाउस

छविलाल कोपिला
१७ मंसिर २०७८, शुक्रबार

बेगारी

विक्रम विरहुल
१७ मंसिर २०७८, शुक्रबार

मोरिक संगीत

मनमती बखरिया
थारु समुदायके डफेक् गीत
दिपक चौधरी 'असीम'
थारु समुदायके डफेक् गीत
हम्र बर्दियाली
जग्गु प्रसाद चौधरी 
हम्र बर्दियाली
छप्रमफें पहिचान बिल्गाइठ
अंकर अन्जान सहयात्री
छप्रमफें पहिचान बिल्गाइठ
चार मुक्तक
हिराकुमारी चौधरी
चार मुक्तक

अन्तरवार्ता

२४ पुष २०७९, आईतवार
सागर कुस्मी

संगीत दुःखी मनैनहे जिए सिखाइठ

२६ जेष्ठ २०७८, बुधबार
मानबहादुर चौधरी ‘पन्ना’

भाषा साहित्यफें हमार संस्कृति हो